Saath Doston Ka (Poetry On Friendship)
तक़्दीर लिखने वालें मुझ पे एक अहसान कर दे
हमेशा जो साथ निभाये ऐसे दोस्तों का साथ दे दे
दोस्तों संग दोस्ती निभाना हैं एक खूबसूरत अहसास
साथ दोस्तों का दे जाता हैं जीवन में खुशियाँ हज़ार
दोस्तों के मुस्कुराने से हो जाती हैं रोशन ये कायनात
दोस्तों की खुशी के लिए तो हैं मेरी सारी खुशियाँ कुर्बान
तक़्दीर लिखने वालें मुझ पे एक अहसान कर दे
हमेशा जो साथ निभाये ऐसे दोस्तों का साथ दे दे
खुशनसीब होते हैं वो पाते हैं जो साथ दोस्तों का
बना लेते हैं उनके दोस्त अपनी उनकी सारी परेशानियाँ
नहीं बहने देते आँखो से आँसू उनकी हर लेते हैं सारे दुख
साथ ना हो गर दोस्तों का तो लगता हैं जीवन अधूरा सा
तक़्दीर लिखने वालें मुझ पे एक अहसान कर दे
हमेशा जो साथ निभाये ऐसे दोस्तों का साथ दे दे
यक़ीनन अहमियत दोस्तों की होती नहीं कम परिवार से
मुश्किलों में आते हैं काम अपने तो रहते नहीं पीछे दोस्त भी
कभी छूट भी जाये रिश्ते पीछे साथ दोस्तों का छूटता नहीं
अद्भुत हैं ये रिश्ता दोस्ती का दोस्त फ़रिश्ते से
कम होता नहीं
तक़्दीर लिखने वालें मुझ पे एक अहसान कर दे
हमेशा जो साथ निभाये ऐसे दोस्तों का साथ दे दे

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